मेरा नाम रविंद्र है. लोग मुझे रवि के नाम से जानते है. में कॉलेज में पढता हु. आज जो स्टोरी में आपको बताने जा रहा हु वो सच्ची घटना पे आधारित है. में अपने दोस्तों के साथ क्रिकेट खेलने जाया करता था. वह एक दिन शाम के वक्त में अपने एक दोस्त की रह देख रहा था. मेरे हात में बैट था तो में ऐसे ही प्रैक्टिस कर रहा था.
एक अंकल मुझे सामने से मेरी तरफ आते हुए देखे। वो अंकल काफी देर से ग्राउंड में टहल रहे थे. हात में मोबइल था. वायर वाला सफ़ेद रंग का हेडफोन पहना था. वो मुजसे आकर बाते करने लगे. मेने भी हसकर बाते की. फिर पास के बेंच पे बैठे हम बाते करने लगे. अंकल ने मुझे पूछा तुम्हारी गर्लफ्रेंड तो होगी ना. तो मेने हसकर कहा नहीं। कोई गर्लफ्रेंड नहीं। तो अंकल हसने लगे. और कहने लगे तो क्या हात से काम चलाते हो.
तो में भी हसने लगा. अंकल गन्दी गन्दी बाते करने लगे. पूछने लगे तुम्हारा खड़ा होता है के नहीं। तो मेने कहा है होता है.
आगे पूछने लगे. तो खड़ा होने के बाद क्या करते हो. तो मेने कहा हिला लेता हु.
कब हिलाते हो. तो मेने कहा शनिवार को दुपहर को कोई भी घर में नहीं रहता तो हिलाता हु. आकर और भी बातें करने लगे. बातो बातो में अंकल ने पूछा सेक्स वीडियो देखकर हिलाते हो.
तो मेने कहा मेरे पास मोबाईल नहीं है. तो में अपने दोस्त का मोबाईल कुछ देर के लेकर आता हु और उसपर सेक्स वीडियो देखकर हिलाता हु.
अंकल मेरी बात सुनकर पूछने लगे. देखोगे सेक्स वीडियो। मेने गर्दन हिलाके हां बोल दिया
जैसे ही मेने हां कहा. अंकल ने अपने बडेसे मोबाईल पे सेक्स वीडियो सुरु किया। मेरे हात में फोन थमाया। वीडियो देखते ही मेरे होश उड़ गए.
वीडियो में एक आदमी लड़की के बड़े बड़े मम्मो को दबा रहा था. और चूचियों को चूस रहा था. लड़का और लड़की ने सिर्फ चड्डी पहनी थी.
लड़के ने मम्मो को अछेसे चूस लिया और लकड़ी को पूरा नंगा करके उसकी चुत को चाटने लगा. आह्ह्ह्ह। चुत को चाटते हुए देखकर मेरे मुँह में पानी आने लगा. मुझे भी चुत चाटने का मन करे लगा. आह्हः अह्ह्ह
फिर लड़की लड़के का लंड चूसने लगी. आह्हः अहहह। लंड काफी बड़ा था. लड़की को लंड चूसते देख में पागल हो गया. मेरा भी लंड खड़ा हुआ.
जोर जोर से फिर चुदाई सुरु हुई, और लड़के ने उस लड़की को खड़े रखकर झुकाया, और लकड़ा पीछे से उसे चोदने लगा. अह्ह्ह अहहह।। मेरा लंड अब पूरा तप गया था. शरीर गर्म हो चूका था.
कुश देर बाद लड़के ने अपने लंड का पानी सीधा लड़की के मुँह में निकला और लड़की ने वो सारा पानी पि लिया।
वीडियो ख़तम होते ही अंकल ने अपना मोबइल मेरे हात से ले लिया। मेरी तरफ देखकर बोले। मजा आया ना
में यहाँ तप रहा था. मेने धीरेसे कहा, है बहोत मजा आया. मेरा लंड पेंट के अंदर खड़ा था.
फिर अंकल बोले, में अब घर जा रहा हु. पास ही में मेरा घर है. मेरी बीवी अब सोने की तैयार कर रही है.
अभी जाकर में उसको चोदुँगा।। में उनकी तरफ देखता ही रहा.
मुझे भी चुदाई करनी थी. अचानक अंकल ने पूछा, तुम्हे भी आना है.
तो में अंदर से खुश हो गया. मेने सर हिलके कहा. हां. आना है.
अंकल मुझे अपने घर ले आये. पास की एक दुकान के पीछे उनका घर था. ऊपर के कमरे में हम आये. अंदर आकर देखा तो उनकी बीवी सामने काम करते हुए दिखाई दी. अंकल ने दरवाजा बंद किया। घर ज्यादा बड़ा नहीं था.
मेरी नजर उनकी बीवी पे पड़ी, उनकी बीवी दिखने में गोरी, शरीर काफी भरा हुआ. लेकिन अजीब से कपडे पहने थे. अंकल अंदर आकर अपना फोन चार्जिंग पे लगा रहे थे.
तब तक मेने सामने काम करती उनकी बीवी को टटोल ना सुरु किया। पहले तो मेरी नजर उनके पेरो पे पड़ी. अंकल की बीवी ने काले रंग की पेंट पहनी थी जो उनकी जांघ तक थी. घुटनो के निचे पूरा पैर खुला था. पैंट बी पतले कपडे की कसकर जांग पे चिपकी हुई. ऊपर सिर्फ पतलासा बनियान जैसा कुछ पहना था. वो भी काफी पतला था. बाजु पुरे खुले हुये। कंधो पे सिर्फ दो बनियान की डोरिया। उस बनियान में आंटी के मम्मो का आकार बहोत बड़ा दिख रहा था.
अंकल की उम्र ४० के ऊपर दिख रही थी. लेकिन आंटी ३० के आस पास लग रही थी. आंटी का गोरा शरीर देखकर मुझे सेक्स वीडियो की वो लड़की याद आयी. उसके भी मम्मो का आकर ऐसे ही बड़ा था.
अंकल ने अपना मोबाईल चार्जिंग पर रखा. फिर जाकर अपनी बीवी को पीछे से कसकर पकड़ा और कुछ वो अपनी भाषा में बात करने लगे. मुझे कुछ समज नहीं आ रहा था. में उनको वही खड़े रहकर देख रहा था. अंकल ने आंटी पीछे से जकड़े उनके दोनों मम्मो को जोर से दबाया। में देखकर चौक गया.
अंकल ने आंटी के मम्मो को दबाकर जब पीछे हटे, उन्होंने मुझे ईशारेसे अपने पास बुलाया। में नजदीक गया. मुझे कहने लगे. जैसे मेने पकड़ा था वैसे पकड़ना
वो पीछे हटे और मेने डरते हुए आंटी को पीछे से पकड़ा। मेरा लंड आंटी की गांड पे दब गया. मेरे हात आंटी के पेट पे मेने रखे थे लेकिन आंटी ने खुद मेरे हात पकड़के अपने मम्मो पे दबाये। मेरा मन जोर जोर से उछल कूद करने लगा. डर और ख़ुशी दोनों एक सात महसूस हो रही थी.
खड़ा लंड मेने और जोर से आंटी की गांड में दबाया। मम्मो को जैसे ही हात में लिया में जोर जोर दबाने लगा. अह्ह्ह्हह अहहह।।।।
पहिल बार किसी औरत के मम्मो को दबा रहा था. और भी इतने बड़े मम्मो को दबाऊंगा सोचा नहीं था. अह्ह्ह्ह अहहह।। जोर जोर से मेने आंटी के मम्मो को दबाया। आंटी भी धीरे धीरे सिसकने लगी.
कुछ देर मम्मो को दबाने के बाद. आंटी पलट के खड़ी हुई. हम दोनों एक दूसरे को देखने लगे. आंटी के चेहरे पे हवस दिखाई दे रही थी. नशीली आखो से मुझे देखते हुए, जैसे ही मुझे आंटी ने चूमा। मेरे शरीर ने झटका दिया। होठो को होठ रगड़ने लगे. अह्ह्ह अहहह आह…
आंटी खुद सब कर रही थी. मुझे ज्यादा कुछ करना नहीं पड़ रहा था. में सिर्फ आनंद ले रहा था.
दोनों ने एक दूसरे को गले लगा लिया, एक दूसरे को चूमने लगे. होठो पे होठ रगड़ने लगे. अहह अहह उम्मम्मम अह्ह्ह्हह उफ्फ्फ्फफ्फ्फ़
आंटी अपनी जबान मेरे मुँह में डालकर चूस रही थी. अह्ह्ह अहहह बहोत मजा आ रहा था. आह्ह्ह्ह उम्मम्मम्मम
होठो को चूमते हुए आंटी ने मेरी टीशर्ट उतार दी. में आंटी के मम्मो को कसकर पकडे दबाये जा रहा था. आअह्ह्ह्ह। .. सामने से दबाने में मुझे और भी मजा आ रहा था. अह्ह्ह अहहह उम्मम्मम्म आआआह्ह्ह्ह
देखते ही देखते आंटी की पहनी हुई बनियाना आंटी ने खुद उतर दी. अंदर बडासा गुलाबी रंग का ब्रा, आंटी के मम्मो को जकड़े हुए. मेरी आखो के सामने मम्मो की बिच की दरार। मुजसे रहा नहीं गया और मेने सीधा अपना मुँह आंटी के मम्मो के बिच दबा दिया। अह्ह्ह्ह अहहह।।। उम्म्म्म बड़े कोमल मम्मे थे आंटी के.
में ब्रा को दबाने लगा. मुँह को मम्मो के बिच रगड़ते हुए जबान से चाटने लगा. आह्हः। मजा आ रहा था. आह्हः उम्म्म्म अम्म्मम्म
आंटी ने मेरी छटपटाहट देख और अपना ब्रा खोल दिया। जैसे ही ब्रा हटा मेने जो सामने देखा, में पागल ही हो गया. आह्ह्ह्ह। इतने बड़े बड़े दोनों मम्मो को देखकर, मेरे शरीर की गर्मी आसमान छूने लगी. आह्ह्ह्ह उम्म्म्म। में सीधा मम्मो पे टूट पड़ा. चूचियों को मां में दबाये चूसने लगा. दोनों हातो से मम्मो को दबाते हुए जो मजा आ रहा था. आह्हः अहहह उम्म्म्म उम्मम्मम
जैसे ही मेने मम्मो को दबाया, मेरे लंड की कठोरता और बढ़ गयी. लंड पेंट से बाहर निकलने के लिए उछलने लगा. आह्हः अहह.. में मम्मो को चूसने लगा. आणि भी सिसकने लगी. अह्ह्ह उफ्फ्फफ्फ्फ़ आअह्ह्ह आह्ह्ह्ह उफ्फ्फ्फ़
काफी देर मम्मो को चूसने के बाद, आणि ने मुझे प्यार से गले लगाया और होठो को चुम लिया। फिर मेरा हात पकड़कर अपने सामने रखे पलंग पे ले आयी. पलंग पे जाते समय मुझे याद आया के अंकल भी कमरे में है. वो सामने अपना लंड बाहर निकालके हात में पकडे हमें देख रहे थे.
मेने एक नजर अंकल को देखा। उनके चेहरे पे ख़ुशी दिख रही थी.
फिर जाकर आंटी और में पलंग पर बैठे. आंटी ने बैठ बैठे मुझे चूमा, होठो को होठ घिसने लगे. में फिर से चूमते हुए आंटी के मम्मो को दबाने लगा. मेरा हात धीरे धीरे निचे जाने लगा. आंटी ने पहनी हुए काले रंग की पेंट पे मेने हात रखा. जांग पे हात जैसे लगा, मुझे आंटी की जांग को कोमलता महसूस होने लगी.
चूमते चूमते आंटी पलंग पे सो गयी. मुझे ऊपर लेलिया। में ऊपर सोये, आंटी को चुम रहा था. मेरा खड़ा लंड आंटी की चुत पे रगड़ने लगा. आंटी और उत्तेजित होने लगी.
चूमते चूमते कभी में आंटी के ऊपर तो कभी आंटी मेरे ऊपर. आअह्ह्ह्हह।।।।
फिर आंटी मेरे ऊपर आकर रुक गयी. मेरे होठो को चूमते हुए निचे जाने लगी. गर्दन को चूमते हुए मेरी छाती पे पोहचकर निप्पल को चाटने लगी. जैसे ही निप्पल चूसे और इनके गयी.
आंटी को लंड के पास जाते हुए देखकर अजीब सी गर्माहट महसूस होने लगी. अह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह उम्मम्मम अअअअअअअ
आंटी निचे पोहची, उन्होंने मेरी पैंट धीरेसे खींची और जैसे ही में पूरा नंगा हुआ. मेरा लम्बा खड़ा लंड उछलके सामने आया. में खुद अपने आप को नंगा देखकर शर्मा रहा था.
आंटी ने मेरी पैंट खिचलि, और जैसे ही लंड को पकड़ा में तो पिगल गया. मेरे लंड को ऐसे आंटी ने मुठी में पकड़ा के मेने आँखे ही बंद कर ली. आह्ह्ह्हह
आंटी के कोमल हातो में जैसे ही लंड आया, उन्होंने पहले तो लंड को हिलाना सुरु किया फिर मुँह में लेकर लंड को चूसने लगी.उम्म्म माममम अम्मम्म
अपनी जबान को लंड पे घिसते हुए जब वो लंड को चाटने लगी, मेरा शरीर कपङे लगा. मन में ख़ुशी के फवारे फूटने लगे. अह्ह्ह अहहह अह्ह्ह्हह
में पलंग पे तड़पने लगा. अह्ह्ह्ह अहहह अहहह।। आंटी लंड को कसकर पकड़े अपने मुँह में ले रही थी. चूस रही थी. मजा आ रहा था. अहह अहहह उम्म्म माहहह
पुरे लंड को चूस लिया। मेरे दोनों गोटो को जीभ लगाकर चाट लिया अहह अहहह अह्ह्ह उम्मम्मम
उसके बाद आंटी निचे सोइ. में आंटी के ऊपर गया. आंटी के बदन को चूमते हुए आखिर में निचे पोहचा। आंटी के पैरो के ऊपर लिपटी पेंट को निचे खींचा।
अंदर की गुलाबी चड्डी दिखने लगी. ध्यान से देखा तो चड्डी चुत के दरार में फस गयी थी. मेने धीरेसे चड्डी को निचे खींचा।
चुत की दरार से चड्डी निकली। और जब आंटी पूरी तरह नंगी हुई. में आंटी को मेरे सामने देखकर पागल ही हो गया. सामने गोरी चुत को देखकर जो मन में ख़ुशी होने लगी. में अपने आप को रोक नहीं पाया। मेने अपना मुँह सीधा चुत पे रखा और जबान चुत में डालकर चाटने लगा. अहह अह्ह्ह अहह उम्मम्मम्म
अम्मम्म आह्हः उम्मम्मम्मम
आंटी तड़पने लगी. में ऊँगली चुत में लड़कर घिसने लगा. जबान को चुत पे रगड़ने लगा. अह्ह्ह अहह उम्म्म्मउम्म्म आह्हः
जैसे ही पूरी चाट ली. घुटनो पे बैठकर लंड को आगे लिया। अंकल ने देखा के में अब आंटी को चोदने जा रहा हु. तो उन्होंने नजदीक आकर मुझे कॉन्डोम दिया मेने कंडोम अपने लंड पे जल्दी से चढ़ाया और लंड को सीधा चुत में डालकर आंटी के ऊपर लेटकर चुदाई सुरु की अह्ह्ह उम्मम्मम आअह्ह्ह्ह फ्फ्फफ्फ्फ़ उफ्फफ्फ्फ़
जोर जोर से चुदाई चलने लगी. अह्ह्ह अहहह आंटी आह्ह्ह्ह अहहहह अह्ह्ह
मेरा लम्बा लंड आंटी की चुत की गहराइयों को माप रहा था. पूरा लंड चुत में जा रहा था. उम्म्म आह्हः अह्ह्ह उफ्फ्फफ्फ्फ़
बहोत देर तक चुदाई चली और जैसे ही मेने लंड खींचा, आंटी ने चैन की सास ली.
फिर अंकल कहा ६९ में करो. में फिर आंटी के ऊपर उल्टा हो गया. मेरा लंड आंटी के मुँह चला गया. में ऊपर से आंटी की चुत चाटने लग. आह्हः अहहह। आंटी ने गिला लंड पूरा अंदर मुँह में लेकर अपनी जीभ से चाटना सुरु किया अह्ह्ह उम्म्म उम्म्म्म उम्म्म्म आह्ह्ह्हह्ह
मजा आ गया ६९ में चुत को चूसने में.
फिर आंटी खुद घोड़ी बन गयी. उनकी गांड पीछे से ऊपर लेकर अपना मुँह पलंग पे रखकर मुझे मानो पीछे से चुदाई का न्यौता दे दिया।
आंटी की गांड के पास जैसे में गया, मेरे चेरे पे एक अजीब ही ख़ुशी हुई. बड़ी गोरी गांड को देखकर मेने पहले तो गांड को अच्छे से सहलाया, गांड को ठीक से महसूस किया। निचे गर्दन रखकर जब गांड को देख रहा था, मुझे गांड के गड्ढे के निचे दबी हुई चुत दिखाई दी.
प्यार से मेने चुत में ऊँगली डाली तो आंटी गांड हिलाने लगी. अह्ह्ह हहह.. चुत अभी भी गरम थी.
फिर लंड को आगे लिया। घुटनो पे बैठे धीरेसे लंड को चुत के अंदर रास्ता दिखाया। लंड चुत में जाने लगा. आह्हः अहहह अहहह उम्म्म
जैसे ही लंड पूरा अंदर चला गया मेने आंटी की कमर को कसकर पकड़ा और जोर चुदाई सुरु की अह्ह्ह अहह फ़फ़फ़फ़फ़
जोर जोर से धक्के देते हुए लंड को चुत की गहराइयो में मारने लगा. अह्ह्ह्ह उम्म्म्म आह्ह्ह्ह उफ्फफ्फ्फ़। आअह्ह्ह्हह
मजा आने लगा. लंड आखरी आखरी में इतना तन गया था के में अपने आप को रोक नहीं पाया में जोर जोर से आंटी की चुदाई करने लगा.
इतनी चुदाई की के आखिर में लंड से पानी छोड़ने की बारी आयी. तो मेने खुद लंड को चुत से बाहर खींचा और आंटी की तरफ गया और कॉन्डोम को हटा के आंटी के मुँह में लंड जबरदस्ती दबा दिया। जैसे ही लंड आंटी के मुँह में दबा, पानी की बौछार होने लगी. आह्हः अहहह वोओओओओ आह्ह्ह्ह
आंटी के मुँह में पानी छोड़ते समय जो आनंद आ रहा था. में पागल ही हो गया. एक तरफ लंड का पानी आंटी के मुँह में गिर रहा था. और दूसरी तरफ मेरा मन धीरे धीरे शांत हो रहा था.
खुश देर बाद जब लंड शांत हुआ. आणि खुद मेरे लंड को चाटकर साफ करने लगी. मेने देखा आणि मेरा पूरा पानी पि गयी थी. उसके मुँह में कुछ भी नहीं था. अह्ह्ह आह्हः।।।
फिर में पीछे हटा. पलंग से निचे उतरा, सामने अंकल पुरे नंगे थे और उनका भी पानी गिर चूका था. वो एक कपडे से लंड को पोछ रहे थे.
मेने अपने कपडे उठाये और पहने लगा. आंटी ऐसे ही चद्दर ओढ़कर पलंग पे सोइ रही. में जाते समय अंकल ने दरवाजा खोला, और कहा किसी कुछ नहीं बताना इस बारेमे। मेने गर्दन हिलाते हुए हा कहा और वहा से निकला।
घर जाते जाते ऐसे लग रहा था जैसे मेने गोल्ड मैडल ही जित लिया है.
उस दिन रात को बहोत अछि नींद लगी.
अंकल ने फिर कई बार मुझे बुलाके अपनी बीवी को मुजसे चुदवाया था.
फिर वो दूसरे शहर में रहने चले गए. और हमारा मिलना बंद हुआ. लेकिन जितना भी मजा अंकल आंटी ने दिया। वो यादगार पल बन गया.
कैसी लगी मेरी कहानी जरूर कमेंट करके बताना।
