Maa ki chudai ki kahaniyan

मेरा नाम धीरज है और मैं आप लोगों को अपनी सच्ची कहानी बता रहा हूँ जो की कुछ साल पहले
मेरा नाम कविता है. मेरा २२ साल का एक बेटा है. कुछ दिनों पहले मेरे पति ने ऑफिस से घर
मेरा नाम तन्वी है. में २४ साल की हु. मेरे पापा एक्सपोर्ट इम्पोर्ट बिज़नेस करते है. माँ डॉक्टर है. कुछ
कुछ दिनों पहले की बात है. पड़ोस की आंटी दुपहर के करीब २ बजे छत पे आकर कपडे सुखाया करती
आज मैं आपको अपनी सेक्स कहानी सुनाने जा रही हूँ. ये मेरी पहली कहानी  ये कहानी होली के दिन की
आशीष, मेरे पति एक फैक्ट्री में काम करते थे. वही उनकी दोस्ती विकास से हुई. विकास आशीष से उम्र में
“देखो कल्पना, मैं अब पचास का हो चला हूं। मेरे लिये अब औरत के जिस्म का कोई मतलब नहीं रह
कुछ दिनों पहले की बात है. शाम को दरवाजेकी घंटी बजती है. में अपने मोबाइल पे गेम खेल रहा था.
कुछ दिनों पहले की बात है. एक १२ मंजिला ईमारत में फ्लैट खरीदने गए थे. मेरे पति को फ्लैट बहोत
आज सुभह जल्दी उठ गई थी. सोचा काम करके दुपहर को थोड़ा आराम कर लुंगी. काम करनेही लगी थी तभी
मेरा नाम रश्मि है. मेने अपनी शादी घरवालों के पसंद के लड़के से की थी. मेरे पति इंजीनियर है. इसलिए
ईशा की खूबसूरती और हॉट एंड सेक्सी फिगर ने कॉलेज के सभी लड़कों को दीवाना बना रखा है। उसकाएक क्लासमेट
मेरी कहानी कुछ ऐसी है‌ कि बाकी कहानियों की तरह मेरी कहानी में कोई डायलॉग्स नहीं है। हम मां-बेटे के
दोस्तों, यह मेरी पहली कहानी है। मेरी ज़िंदगी में कहानियाँ बहुत कम हैं। मैंने सोचा था कि यह भी ज़िन्दगी
मेरा सर्किल काफी बड़ा है लेकिन बेस्ट फ्रेंड सिर्फ एक थी उसका नाम है अनामिका पेट नेम एनी, हम लोग
मेरा नाम नीरज है. मेरी उम्र ३६ साल है. मेरी शादी हो चुकी है और २ बच्चे भी है. मेरी
ये कहानी मेरी गर्लफ्रेंड पूजा की है. पूजा का फिगर ३२ २७ ३२ हे. हम कॉलेज में साथ में पढ़ते
कुछ दिनों पहले की बात है. ऑफिस में दिवाली का त्यौहार मनाया जाना था. सारे लोगो को हॉल में बुलाया
दोस्तों मेरा नाम अविनाश हैं और मैं आज आप लोगों के लिए एक मस्त हिंदी सेक्स कहानी ले के आया
सडक पर खड़े खड़े अपनी तीसरी सिगरेट के बट को नवीन ने खिंच खिंच के उसके आखरी धुंए को भी