Indiansexstories

मेरा नाम श्याम है में कॉलेज में पढता हु. कुछ ही महीनो पहले हमारी फॅमिली अल्ल्हाबाद आ गयी थी. पापा
सुबह का वक्त था मेने नाहा लिया और कॉलेज जाने के लिए निकल रहा था. अपनी बैग उठाई और सारी
मेरे पति की इच्छा थी कि मैं उनके सामने किसी गैर मर्द से चुदवाऊं, तो मैंने उनकी यह इच्छा पूरी
हमारी शादी को १ साल हो गया था. अरेंज मैरेज थी इसलिए एक दूसरे को समझने में थोड़ा वक्त लगा.
मेरा नाम नमिका है. में दिल्ली की एक कंपनी की मालकिन हु. पापा का बिज़नेस था जो अभी में चलाती
कुछ दिनों पहले की बात है. सुभह का वक्त था. बड़े भैया काम से जल्दी घर से निकल गए थे.
प्रीति के साथ मेरी दोस्ती कॉलेज के एक प्रोजेक्ट के दौरान शुरू हुई. हम दोनों के बिच तब बाते होने
कुछ दिनों पहले की बात है. शाम को दरवाजेकी घंटी बजती है. में अपने मोबाइल पे गेम खेल रहा था.
मेरा नाम अनुजा है. में अभी २७ साल की हु. आज में जो कहानी बताने जा रही हु वो मेरी
मैंने एक आंटी की मदद की उनका सामान उनके घर पहुंचाने में. उन्होंने मुझे अंदर बुला लिया. उनके घर में
हेलो दोस्तों मैं आपका प्यारा रवि. आप सभी के कमैंट्स और मेल के लिए थैंक्स. आप सभी ने मेरी पिछली
सुभह का वक्त था. माँ मंदिर चली गयी थी. पापा शहर से बाहर थे. में सुभह के करीब ७ बजे
जिस दिन से मैंने इस नई बिल्डिंग में शिफ्ट किया था मेरी नज़र अवनी भाभी पर बनी हुई थी, उनके
पार्ट २ के बाद से हर दिन ऑफिस में उसकी एक झलक भी मुझे पागल कर देती थी। वो जानबूझकर
सिस्टर ब्रा पैंटी सेक्स कहानी में कॉलेज में एक लड़की को मैंने बहन बना लिया. उसका बॉयफ्रेंड उसे चोदता था.
मेरा नाम रेनू है. मेरे पति नीरज काफी दिनों से हम बाते कर रहे थे की एक बार बीवियों की
मेरा नाम अंकुश है, मैं 28 साल का एक जवान लड़का हूँ, मैं दिखने में ख़ूबसूरत भी हूँ.. लेकिन काम
मेरा नाम ऋतुराज है. ये कथा मेरे निजी जीवन में घटी एक सच्ची घटना के आधार पर लिखी है. सुभह
हेलो दोस्तों मैं आभा सिंह, आज मैं एक नई सेक्स स्टोरी लेकर आ गई हूं जिसका नाम है “बेटे की
दोस्तो मैं अंकिता, अपने घर में मैं सब चुदवा चुकी हूँ. मैंने जब जवानी की दहलीज पर कदम रखा तब